8th Pay Commission Salary Hike केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए साल 2026 की शुरुआत कई मायनों में राहत भरी रही है। सरकार ने महंगाई भत्ता यानी DA में 4 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी दी, जिसके बाद DA बढ़कर बेसिक सैलरी का 55 प्रतिशत हो गया। इस फैसले का सीधा फायदा लाखों कर्मचारियों और पेंशनर्स को मिला है। बढ़ा हुआ DA जनवरी 2026 से लागू होने के कारण एरियर का लाभ भी मिलने लगा है। इसी बीच 8वें वेतन आयोग को लेकर चर्चा एक बार फिर तेज हो गई है, जिससे कर्मचारियों की उम्मीदें और भी बढ़ गई हैं।
सरकारी नौकरी करने वाले कर्मचारी लंबे समय से यह जानना चाहते हैं कि 8वें वेतन आयोग के लागू होने पर उनकी सैलरी में कितनी बढ़ोतरी होगी और उन्हें कितना एरियर मिल सकता है। हालांकि सरकार की ओर से अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन मौजूदा संकेतों और पुराने वेतन आयोगों के अनुभव के आधार पर कुछ अनुमान जरूर लगाए जा रहे हैं।
नई DA दरें कब से लागू हुईं
सरकार ने महंगाई भत्ते की नई दरों को 1 जनवरी 2026 से लागू कर दिया है। इसका मतलब यह है कि कर्मचारियों को साल की शुरुआत से ही बढ़ी हुई सैलरी का लाभ मिल रहा है। जिन कर्मचारियों को जनवरी, फरवरी और मार्च की सैलरी पुराने DA पर मिली थी, उन्हें अब एरियर के रूप में अतिरिक्त राशि दी जाएगी।
पेंशनर्स के लिए यही बढ़ोतरी महंगाई राहत यानी DR के रूप में लागू की गई है। इससे रिटायर्ड कर्मचारियों की मासिक पेंशन में भी अच्छी बढ़ोतरी देखने को मिली है। बढ़ती महंगाई के बीच यह फैसला कर्मचारियों और पेंशनर्स दोनों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है।
DA बढ़ने से HRA में भी हुआ फायदा
DA के 55 प्रतिशत तक पहुंचने के बाद हाउस रेंट अलाउंस यानी HRA में भी बढ़ोतरी हुई है। जिन कर्मचारियों को शहरों में किराए पर रहना पड़ता है, उनके लिए यह बढ़ोतरी काफी फायदेमंद साबित हो रही है। क्योंकि HRA की दरें DA की सीमा से जुड़ी होती हैं, इसलिए DA बढ़ने पर HRA अपने आप बढ़ जाता है।
इससे खासतौर पर मेट्रो और बड़े शहरों में काम करने वाले कर्मचारियों की सैलरी में अच्छा इजाफा हुआ है। कुल मिलाकर देखा जाए तो DA और HRA दोनों के बढ़ने से कर्मचारियों की टेक होम सैलरी पहले से बेहतर हो गई है।
8वें वेतन आयोग की मांग क्यों हुई तेज
DA के 55 प्रतिशत होने के बाद कर्मचारी संगठनों ने 8वें वेतन आयोग की मांग फिर से जोर-शोर से उठानी शुरू कर दी है। आमतौर पर जब DA एक निश्चित स्तर तक पहुंच जाता है, तो नए वेतन आयोग की मांग तेज हो जाती है। यही कारण है कि 2026 में यह चर्चा फिर से सुर्खियों में आ गई है।
कई कर्मचारी संगठनों का कहना है कि मौजूदा महंगाई और खर्चों को देखते हुए नई वेतन संरचना की जरूरत है। हालांकि सरकार की तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
8वां वेतन आयोग लागू होने पर सैलरी कितनी बढ़ सकती है
अगर 8वां वेतन आयोग लागू होता है, तो अनुमान लगाया जा रहा है कि कर्मचारियों की बेसिक सैलरी में करीब 3 प्रतिशत या उससे अधिक की बढ़ोतरी हो सकती है। उदाहरण के तौर पर, जिन कर्मचारियों की मौजूदा बेसिक सैलरी 18000 रुपये है, उनकी बेसिक सैलरी बढ़कर लगभग 26000 रुपये तक जा सकती है।
इस बढ़ी हुई बेसिक सैलरी के साथ DA, HRA और अन्य भत्ते भी बढ़ेंगे, जिससे कुल सैलरी में बड़ा अंतर देखने को मिलेगा। एरियर की राशि इस बात पर निर्भर करेगी कि आयोग कब से लागू किया जाता है।
DA और DR की गणना कैसे होती है
केंद्रीय कर्मचारियों को महंगाई भत्ता यानी DA और पेंशनर्स को महंगाई राहत यानी DR दी जाती है। इसकी गणना अखिल भारतीय CPI-IW के 12 महीने के औसत के आधार पर की जाती है। साल में दो बार जनवरी और जुलाई में DA और DR बढ़ाए जाते हैं।
सरकार समय-समय पर इस फॉर्मूले में बदलाव भी करती रही है ताकि महंगाई का सही असर कर्मचारियों की सैलरी और पेंशन पर दिखाई दे सके।
निष्कर्ष
DA में 4 प्रतिशत की बढ़ोतरी से कर्मचारियों और पेंशनर्स को तत्काल राहत मिली है। वहीं 8वें वेतन आयोग को लेकर उम्मीदें अभी बनी हुई हैं। अगर सरकार आने वाले समय में इस पर फैसला लेती है, तो कर्मचारियों की सैलरी और भविष्य की आर्थिक स्थिति दोनों में बड़ा सुधार देखने को मिल सकता है। फिलहाल कर्मचारियों को आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना होगा।